कोटा ब्यूरो रिपोर्ट। 

नगर विकास न्यास (UIT) द्वारा सड़क चौड़ी करने के लिए बकरा मंडी के पास स्थित भैरव मंदिर को हटाने के विरोध में हिंदू संगठन लामबंध हो गए। प्रशासन की कार्रवाई के विरोध में हिंदू संगठन से जुड़े लोग मौके पर ही धरने पर बैठ गए और हनुमान चालीसा का पाठ किया। वे करीब 3 घंटे धरने पर बैठे रहे। इस दौरान प्रशासन से वार्ता विफल हुई तो हिंदू संगठन के पदाधिकारियों ने मौके पर ही भैरव मंदिर की स्थापना की और मंदिर निर्माण शुरू करवाया। धरने में बीजेपी विधायक संदीप शर्मा भी शामिल हुए।

विधायक संदीप शर्मा ने कहा कि यूआईटी प्रशासन सड़क चौड़ी करने के लिए रातों-रात भैरव जी का मंदिर हटाया। वह वास्तव में धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने वाला और सभी को आहत करने वाला था। जिसके विरोध में सर्व हिंदू समाज ने लगातार प्रशासन पर दबाव बनाया।

आज भी हिंदू संगठनों के लोगों ने मौके पर हनुमान चालीसा का पाठ किया। दोपहर में कलेक्टर-एसपी से वार्ता हुई। लेकिन वार्ता में कोई निष्कर्ष नहीं निकल पाया। प्रशासन हिंदुओं की धार्मिक भावनाओं को आहत होते देख सकता है लेकिन हिंदू समाज के लोग इसे बर्दाश्त नहीं करेंगे। हमने चेतावनी दी कि यूआईटी ने मंदिर हटाया है अब इस मंदिर को हम बनवा रहे हैं।

चाहे मुकदमे लगवा दें, चाहे लाठीचार्ज करें… जहां मंदिर था, मंदिर वहीं बनेगा। भविष्य में इस प्रकार की पुनरावृत्ति होती है तो हम चुप नहीं बैठेंगे। प्रशासन इस बात के लिए तैयार रहे कि उन्हें इसका खामियाजा भुगतना पड़ेगा।

धरने में विश्व हिंदू परिषद, बजरंग दल, भाजपा व्यापार प्रकोष्ठ संयोजक राकेश जैन, नेता खंडेलवाल, किशन पाठक पार्षद योगेश अहलूवालिया और राम बाबू सोनी समेत सर्व समाज से जुड़े लोग शामिल हुए।