उदयपुर-भगवान प्रजापत।
रूस-यूक्रेन के बीच हो रहे युद्ध में फंसे भारतीय छात्रों को लाने के लिए केन्द्र और राज्य सरकार पूरी कोशिश कर रही है। इसी बीच मंगलवार को राजस्थान जिले के उदयपुर संभाग के 20 छात्र महाराणा प्रताप एयरपोर्ट पर पहुंचे। दिल्ली से इंडिगो की फ्लाइट से पहुंचे बच्चों को रिसीव करने के लिए स्वंय जिला कलक्टर ताराचंद मीणा और एडीएम अशोक कुमार एयरपोर्ट पहुंचे और उनको रिसीव किया।
 छात्रों के एयरपोर्ट पर उतरने के बाद कलक्टर मीणा ने उनका स्वागत किया तो बच्चों ने भी खुशी जाहिर की। इससे पहले भी उदयपुर की दो बेटिया यूक्रेन से उदयपुर पहुंची थी। उनको भी रिसीव करने जिला कलेक्टर ताराचंद मीणा स्वंय एयरपोर्ट पर घर गए थे और उनको सही सलामत घर पहुंचाया।अमहाराणा प्रताप एयरपोर्ट पर कलक्टर ताराचंद मीणा ने सभी बच्चों से बातचीत की।
 उन्होंने बच्चों से वहां पर कर रहे अध्ययन एवं रूस-यूक्रेन के बीच शुरू हुए युद्ध के बाद वहां के हालातो पर जानकारी ली। छात्रों ने भी यूक्रेन में युद्ध के बाद हुए पैदा हुए हालातों के बारे में जानकारी दी। छात्रों ने कहा कि युद्ध के बाद हालात खराब हो चुके है, वहां पर अभी हजारों भारतीय छात्र फंसे हुए है। हालांकि वहां की सरकार उन्हे बचाने में लगी हुई है लेकिन रूस की और से लगातार हमले से होने से कई लोगो के जान खतरे में है। बातचीत के बाद कलेक्टर ने बच्चों को उनके निवास स्थान तक सरकारी खर्च से घर पहुंचाया। इनमें उदयपुर, बांसवाडा, डूंगरपुर और नाथद्वारा के बच्चे शामिल थे। इससे पहले कुछ बच्चों के परिजन भी एयरपोर्ट पर पहुंच गए थे। परिजनों ने केन्द्र और राज्य सरकार का धन्यवाद ज्ञापित किया।

कलेक्टर के निर्देश पर स्थापित हुआ कंट्रोल रूम।
जिला कलेक्टर ताराचंद मीणा ने उदयपुर में एक कंट्रोल रूम स्थापित किया है। यहां पर यूक्रेन में फंसे लोगों के बारे में कोई भी जानकारी उपलब्ध करवा सकता है। वहां पर फंसे छात्रो के बारे में परिजनों सहित अन्य व्यक्ति फोन नम्बर 0294 2414620 पर जानकारी उपलब्ध करवा सकते है।