चित्तौड़गढ़ से गोपाल चतुर्वेदी।
देशभर में हुए फिल्म पद्मावत को लेकर विवादित तथ्यों की विवाद के बाद एक बार फिर चित्तौड़गढ़ में इस विवाद ने तूल पकड़ लिया है। 5 करोड़ की लागत खर्च कर 3D सिस्टम में बनाए गए लाइट एंड साउंड शो को लोकार्पण के बाद ही चित्तौड़गढ़ सांसद सीपी जोशी ने रुकवा दिया है। वही इसे लेकर प्रदेश के सहकारिता मंत्री उदयलाल आंजना ने किसी प्रकार का विवाद नहीं होने की बात कहते हुए सांसद की भावना को ठेस लगने की बात कही है। और इसे संपादको का विषय बताया है।
 ऐतिहासिक दुर्ग चित्तौड़गढ़ पर आने वाले पर्यटकों को बेहतर सुविधाएं मुहैया कराने और उनका ठहराव चित्तौड़गढ़ में हो इसके लिए चित्तौड़गढ़ दुर्ग के कुंभा महल में लाइट एंड साउंड शो को नई 3डी तकनीक के साथ जोड़कर 5 करोड़ की लागत खर्च कर नए रूप में रूपांतरित किया गया है। लेकिन इसके लोकार्पण कार्यक्रम में सांसद चंद्रप्रकाश जोशी ने कार्यक्रम में दिखाए जा रहे हैं चित्तौड़ की महारानी पद्मिनी के संदर्भ में तथ्यों को लेकर आपत्ति जाहिर की है। रानी पद्मिनी को अलाउद्दीन खिलजी द्वारा शीशे में देखने की बात पर पूर्व में विवाद हुआ था। वही इसे एक बार फिर लाइट एंड साउंड शो में जोड़ दिया गया है इसे लेकर सांसद जोशी ने विवादित तथ्यों को हटाने के बाद इसे चलाने की बात कही है। वही कार्यक्रम में शामिल हुए प्रदेश के सहकारिता मंत्री उदयलाल आंजना ने नए लाइट एंड साउंड शो की जमकर तारीफ की और सांसद जोशी द्वारा आपत्ति पर उन्होंने कहा कि ऐसा कोई विवाद नहीं है इस मामले में न्यायालय अपना निर्णय दे चुका है। उन्होंने खुद शो देखा है ऐसी कोई आपत्तिजनक बात उन्हें नहीं लगी है लेकिन यदि सांसद को ठेस पहुंची है तो संपादक इस पर ध्यान दें। नए रूप में आए लाइट एंड साउंड शो को लेकर फिलहाल सांसद जोशी ने इसे रुकवा दिया है लेकिन प्रदेश के सहकारिता मंत्री उदयलाल आंजना ने इसे आपत्तिजनक नहीं माना है ऐसे में अब देखने वाली बात है कि लोकार्पण किया गया लाइट एंड साउंड शो इसी तथ्य के साथ चलता है या फिर इसमें कोई बदलाव किया जाता है। फिलहाल इसे रोका गया है।