झालावाड़ से हरिमोहन चोडॉवत।
झालावाड़ पुलिस उपमहानिरीक्षक (आरएसी) किशन सहाय मीणा ने शुक्रवार को झालावाड़ का दौरा किया। इस दौरान झालरापाटन स्थित पुलिस ट्रेनिंग सेंटर का निरीक्षण कर पुलिस जवानों को आवश्यक दिशा निर्देश दिए, तो वही पीटीएस परिसर का भी अवलोकन कर कमांडेंट व अधिकारियों से समस्याओं को जाना।
पुलिस उपमहानिरीक्षक (आरएसी) किशन सहाय मीणा प्रात करीब 11:00 बजे झालावाड़ के झालरापाटन स्थित पुलिस ट्रेनिंग सेंटर पहुंचे, जहां पुलिस जवानों ने गार्ड ऑफ ऑनर दिया और कमांडेंट अर्जुन सिंह शेखावत ने डीआईजी का स्वागत किया। 
जिसके बाद डीआईजी किशन सहाय मीणा ने पुलिस ट्रेनिंग स्कूल में प्रशिक्षण ले रहे पुलिस जवानों के साथ एक संपर्क सभा में भाग लिया। जिसमें डीआईजी ने पुलिस जवानों को पुलिस सेवा को पारदर्शिता व पूर्ण ईमानदारी से करने के लिए मार्गदर्शित किया। इस दौरान डीआईजी ने कहा कि पुलिस जवानों को आपसी भेदभाव को खत्म करने के लिए अपने नाम के साथ उपजाति अथवा जाति का शब्द हटा देना चाहिए, जिससे सभी में सामाजिक समरसता दिखाई दे, व एक दूसरे से भेदभाव महसूस ना हो। इस दौरान डीआईजी ने पुलिस जवानों को उपकरणों के माध्यम से समझाने का प्रयास किया कि वर्तमान समय में अपराधी तकनीक के सहारे लोगों को अपना शिकार बनाते हैं। ऐसे में अनुसंधान के दौरान वैज्ञानिक तरीकों का इस्तेमाल किया जाए, जिससे सटीक व पारदर्शिता के साथ पुलिस सेवा के कार्य संभव हो सके।
इस दौरान पुलिस ट्रेनिंग स्कूल के कमांडेंट अर्जुन सिंह शेखावत ने पुलिस ट्रेनिंग स्कूल की कुछ अन्य आवश्यकताओं से भी उन्हें अवगत कराया। हालांकि डीआईजी ने कहा कि झालावाड़ पुलिस ट्रेनिंग सेंटर में निरीक्षण के दौरान बेहतर व्यवस्थाएं पाई गई है फिर भी यदि कई जरूरते होगी, तो उन्हें पूरा किया जाएगा। डीआईजी आर.ए.सी. किशन सहाय मीणा का झालावाड़ पीटीएस का यह पहला दौरा था। बाद में डीआईजी किशन सहाय मीणा ने पत्रकारों से चर्चा भी की।