उदयपुर भगवान प्रजापत।
उदयपुर जिले के फलासिया में लापता युवक का शव मिलने के 36 घंटे के अंदर ही पुलिस ने हत्या का पर्दाफाश कर दिया और मुख्य आरोपित कोचिंग संचालक को गिरफ्तार कर लिया। अन्य दो आरोपितों की तलाश जारी है। 
मामले का खुलासा करते हुए जिला पुलिस अधीक्षक मनोज चौधरी ने मीडिया को बताया कि मृतक युवक हर्ष कलाल फलासिया एवं मादड़ी क्षेत्र में मुख्य आरोपित संजय परमार पुत्र शंकरलाल निवासी झूंथरी के कोचिंग संस्थान रघुनंदन क्लासेज में पढ़ाता था। पिछले दिनों रीट परीक्षा पास कराने तथा एसटीसी की डिग्री दिलाने के नाम पर कुछ अभ्यर्थियों से उन्होंने पैसा लिया। रीट पास नहीं होने पर अभ्यर्थियों के तकाजा करने पर कुछ को राशि पुनः लौटाई भी गई। इसी बात को लेकर दोनों में खींचतान थी। 
पूछताछ में आरोपित संजय परमार ने यह भी बताया कि उसकी बहन फलासिया में बीए की परीक्षा देने आती थी। वह और हर्ष परमार मिलते-जुलते रहते थे, जो उसे पसंद नहीं था। मना करने पर भी दोनों नहीं माने। इन दोनों बातों के चलते उसने हर्ष को ठिकाने लगाने का इरादा बनाया और इस काम में उसने पुष्कर उर्फ पंकज अहारी निवासी काकड़धरा बावलवाड़ा व दिनेश भगोरा निवासी मीठी महुड़ी खेरवाड़ा की सहायता ली। जिसके लिए उसने उन्हें 50 हजार भी दिए। संजय ने हर्ष को 14 नवम्बर शाम को वाट्सए कॉल कर पार्टी के नाम पर बुलवाया और सभी महुदरा घाटे पहुंच गए। सभी आरोपी हर्ष को चट्टानों के पास ले गए। वहां दिनेश और पंकज ने शराब पी और मौका देखकर हर्ष के सिर पर बीयर की बोतल दे मारी। फिर वहां पड़े पत्थरों से वार किया और गमछों से उसका गला दबा दिया। उसकी मौत के बाद लाश को घसीट कर पास की कंदरा में फेंक दिया। हर्ष की मोटरसाइकिल को उन्होंने कंथारिया के पास एक बस की ओट में खड़ा कर दिया। पुलिस ने झूंथरी के जंगलों से गुरुवार को संजय को गिरफ्तार किया। एसपी ने बताया कि दो आरोपियो की तलाश जारी है।