चित्तौडग़ढ़ गोपाल चतुर्वेदी।
विशेष न्यायाधीश लैंगिक अपराधों से संरक्षण अधिनियम पोक्सो कोर्ट 2012 चित्तौड़गढ़ कोर्ट ने 2 वर्ष पुराने नाबालिग के अपहरण और दुष्कर्म के मामले में अभियुक्त को आजीवन कारावास और जुर्माने से दंडित किया है। विशेष लोक अभियोजक शोभालाल जाट ने बताया कि प्रार्थी बेगूं थाना क्षेत्र के अंधारियो की झोंपड़ी निवासी एक व्यक्ति ने 3 अक्टूबर को एक रिपोर्ट पेश की थी। इसमें बताया कि रात्रि करीब 3 बजे भीलवाड़ा जिले में मांडलगढ़ थाना क्षेत्र के फूलजी की खेड़ी निवासी मोहित पुत्र छोटूलाल मेवाड़ा आया। अभियुक्त यहां से प्रार्थी की नाबालिग पुत्री जो पास के कमरे में ही सो रही थी उसे उठा कर ले गया। इस संबंध में बेगूं थाना पुलिस ने प्रकरण दर्ज कर अनुसंधान शुरू किया। पुलिस ने पीड़िता को दस्तयाब कर धारा 363, 366, 376 आईपीसी व 3/4 पोक्सो एक्ट में अभियुक्त को गिरफ्तार कर जांच के बाद न्यायालय में चालान पेश किया। प्रकरण की सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष की ओर से न्यायालय में कुल 16 गवाह के बयान करवाएं तथा 29 दस्तावेज प्रदर्शित किए। दोनों पक्षों की सुनवाई के बाद पोक्सो कोर्ट चित्तौड़गढ़ के न्यायाधीश ने अभियुक्त मोहित मेवाडा को धारा 363 आईपीसी में 5 वर्ष का कठोर कारावास व 5 हजार रुपए का जुर्माना, धारा 366 आईपीसी में 10 वर्ष के कठोर कारावास व 10 हजार रुपए का जुर्माना तथा 3/4 (2) पोक्सो एक्ट में आजीवन कारावास व 25 हजार रुपए के जुर्माने से दंडित किया।

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