ब्यूरो रिपोर्ट।
धार्मिक लिहाज से छोटीकाशी कहे जाने वाले जयपुर शहर के प्रमुख मंदिरों में बुधवार को शरद उत्सव मनाया गया। इस अवसर पर ठाकुर जी को धवल पोशाक पहनाकर उनका नयनाभिराम श्रृंगार किया गया और चांदनी की रोशनी में खीर का भोग लगाया गया। शहर के सभी प्रमुख मंदिरों में इस अवसर पर विशेष आयोजन हुए। जयपुर शहर के आराध्य देव कहे जाने वाले श्री राधा गोविंद देव मंदिर में ठाकुर जी ने राधा रानी के साथ चौसर और शतरंज खेली। शाम 7:15 से 7:30 तक शरदोत्सव की विशेष झांकी सजाई गई। मंदिर के महंत अंजन कुमार गोस्वामी के सानिध्य में सुबह ठाकुर जी का पंचामृत अभिषेक किया गया और सफेद रंग की पोशाक धारण कराई गई। शाम को शयन झांकी से पहले ठाकुर जी के सामने विशेष खाट सजाई गई। इसमें शतरंज और चौसर की बाजी सजाई गई। धूप दान, इत्र दान और पान दान से खाट को सजाया गया। ठाकुर जी ने शयन नहीं किया और राधा रानी के साथ पूरी रात चौसर और शतरंज खेली। इस बार भी कोविड-19 के चलते खीर का प्रसाद वितरित नहीं किया गया। शहर के प्रमुख गणेश मंदिर, मोती डूंगरी खोले के हनुमान जी और सीता राम जी के मंदिरों सहित कई मंदिरों में ठाकुरजी को खीर का भोग लगाया गया।

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