जयपुर ब्यूरो रिपोर्ट।

भाजपा प्रदेश अध्यक्ष सतीश पूनिया शनिवार को पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राज्य के आवास पर उनसे मुलाकात करने पहुंचे। इसके बाद सियासी सरगर्मियां तेज हो गई। हालांकि सतीश पूनिया ने इस मुलाकात को एक पारिवारिक मुलाकात बताया। पूनिया ने कहा कि वे वसुंधरा राजे की पुत्रवधू निहारिका की कुशलक्षेम जानने के लिए उनके आवास पर गए थे। लेकिन कोर कमेटी की बैठक से ठीक पहले वसुंधरा राजे और सतीश पूनिया की इस मुलाकात के सियासी मायने निकाले जा रहे हैं। प्रदेश भाजपा में आज सियासी समीकरण बदलते नजर आए। पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे से चल रही अदावत के बीच भाजपा प्रदेशाध्यक्ष सतीश पूनिया ने राजे के आवास पर पहुंचकर उनसे मुलाकात की। इस दौरान दोनों नेताओं के बीच करीब आधा घंटे तक वार्तालाप हुआ। पूनिया और राजे के इस मुलाकात के बाद बीजेपी सियासत में सरगर्मियां तेज हो गई। राजे से मुलाकात के बाद पूनिया ने कहा कि वे राजे की पुत्रवधु निहारिका की कुशलक्षेम पूछने गए थे। लेकिन भाजपा में चर्चाओं का दौर तेज हो गया है कि इस मुलाकात से दोनों नेताओं के बीच रही अदावत कम होने के आसार हैं। राजे का भी अचानक जयपुर आना और कोर कमेटी की बैठक में हिस्सा लेना, इसी तरफ इशारा कर रहा है।आपको बता दें, की नेता प्रतिपक्ष गुलाबचंद कटारिया ने कोर कमेटी की बैठक में हिस्सा नहीं लिया और उदयपुर रवाना हो गए। उन्होंने कहा कि उदयपुर में उनका पहले से ही कार्यक्रम प्रस्तावित था। हालांकि सूत्र बता रहे हैं कि वल्लभनगर उप चुनाव में भाजपा से से रणधीर सिंह भींडर का नाम मजबूती के साथ सामने आया है। कटारिया और भींडर चिर विरोधी हैं। इसी वजह से कटारिया बैठक में शामिल हुए बिना ही उदयपुर रवाना हो गए।