चित्तौड़गढ़ से गोपाल चतुर्वेदी की रिपोर्ट
चित्तौड़गढ़ जिले में रविवार को मेगा वैक्सीनेशन डे के अंतर्गत 50,000 से अधिक लोगों को टीका लगाने का लक्ष्य तय किया गया है, लेकिन जिला मुख्यालय के अधिकांश टीकाकरण केंद्रों पर आमजन में टीकाकरण के प्रति कोई उत्साह दिखाई नहीं दिया और अधिकांश टीकाकरण केंद्र सूने रहे, वही कुछ टीकाकरण केंद्रों पर नर्सिंग कर्मी भी नदारद दिखाई दिए।चितौड़गढ़ में कोरोना की संभावित तीसरी लहर को देखते हुए जिला प्रशासन और चिकित्सा विभाग अधिक से अधिक लोगों का टीकाकरण करवाने पर विशेष ध्यान केंद्रित कर रहा है, इसी के अंतर्गत रविवार को मेगा वैक्सीनेशन डे के अंतर्गत जिले के कुल 386 टीकाकरण केंद्रों पर 50,000 से अधिक लोगों का टीकाकरण करवाने का लक्ष्य तय किया गया, जिसमें जिला में जिला मुख्यालय के सात टीकाकरण केंद्रों पर कोविशिल्ड और को-वैक्सिंन का टीकाकरण किया गया, जिसमें अधिकांश टीकाकरण केंद्रों पर आमजन में टीकाकरण के प्रति उत्साह दिखाई नहीं दिया और टीकाकरण केंद्रों पर सूनापन पसरा रहा, वही जिला मुख्यालय के जीएनएम ट्रेनिंग सेंटर पर सवेरे ही नर्सिंग कर्मी नदारद मिले, वहीं अन्य टीकाकरण केंद्र पर भी उपस्थित कर्मचारियों को फुर्सत के क्षणों में बतियाते देखा गया।वही जानकारी में सामने आया है कि पिछले 1 सप्ताह से आमजन में टीकाकरण के प्रति उत्साह कम ही देखने को मिला है और लगभग सभी टीकाकरण केंद्रों पर तय लक्ष्य से कम टीकाकरण होने की सूचना सामने आई है, यह निश्चित रूप से जिला प्रशासन के लिए बहुत ही चिंता का विषय साबित हो सकता है,जबकि डब्ल्यूएचओ ने भी सितंबर माह के अंत तक कोरोना की संभावित तीसरी लहर के पहुंचने की संभावना व्यक्त कर रखी है, ऐसे में जिला प्रशासन और चिकित्सा विभाग के अधिक से अधिक टीकाकरण कराने के प्रयास पर आमजन पानी फेरता हुआ दिखाई दे रहा है।


0 टिप्पणियाँ