चित्तौड़गढ़ - गोपाल चतुर्वेदी
मेवाड़ समाज सुधार समिति की ओर से आज चित्तौड़गढ़ मुख्यालय के समीप डगला का खेड़ा क्षेत्र में कुछ दिनों पूर्व दलित दंपत्ति के दुकान और मकान में अनाधिकृत रूप से घुसकर साथ हुई जातिगत अपमानजनक टिप्पणी करने के साथ मारपीट और लूटपाट की घटना में शामिल चित्तौड़गढ़ प्रधान देवेंद्र कवर और डगला का खेड़ा सरपंच रणजीत सिंह के पुत्र इंद्रजीत सिंह सहित करीब 30 व्यक्तियों पर गंभीर आरोप लगाते हुए उनके खिलाफ कठोर कार्रवाई करने की मांग को लेकर ग्राम वासियों के साथ जिला पुलिस अधीक्षक और जिला कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा l
इसके बारे में जानकारी देतै हुए मेवाड़ रेगर समाज सुधार समिति के जिला अध्यक्ष अम्बालाल ने बताया कि इस महीने की 12 तारीख को दलित समाज के एक व्यक्ति नारू लाल रेगर की किराने की दुकान पर एक 9 वर्षीय बालिका कुछ सामान खरीदने के लिए गई थी। जहां पर नारू लाल ने 9 वर्षीय बच्ची उधार सामान देने से इंकार कर देने पर गांव के ही कुछ लोग जिसमें चित्तौड़गढ़ प्रधान देवेंद्र कंवर और सरपंच रणजीत सिंह भाटी के पुत्र इंद्रजीत सिंह भाटी अपने कुछ अन्य साथियों गट्टू सिंह, दौलत सिंह, अजय सिंह, आयुष चुंडावत, b ईश्वर सिंह सहित अन्य करीब 30 लोग नारू लाल रेगर की दुकान पर पहुंचे और जातिगत अपमानजनक टिप्पणी करने के साथ उसकी दुकान में तोड़फोड़ कर सारा सामान बिखेर दिया। नगदी लूटकर ले गए साथ ही सभी लोगों ने पॉक्सो के मामले में फर्जी प्रकरण दर्ज कर नारू लाल रेगर को जेल भेज दिया जिससे समाज के लोगों में आक्रोश व्याप्त है।
पीड़ित नारू लाल रेगर की पत्नी नारू रेगर ने बताया कि गांव के ही राजपूत समाज के कुछ लोगों ने दुकान पर मेरे पति नारू रेगर के साथ जातिगत टिप्पणी करते हुए झूठे मुकदमे में मेरे पति को फंसाया जा रहा है। उन्होंने मांग की है कि उनके पति के साथ मारपीट करने वाले और लूटपाट करने वाले लोगों के खिलाफ कठोर कार्रवाई करने की मांग को लेकर आज जिला कलेक्टर और पुलिस अधीक्षक को ज्ञापन सौंपा गया है। इस अवसर पर समाज के कई गणमान्य लोग मौजूद रहे।

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