चित्तौड़गढ़ - गोपाल चतुर्वेदी 
राजस्थान फार्मासिस्ट कर्मचारी संघ एकीकृत चित्तौड़गढ़ शाखा से संबंधित फार्मासिस्टों ने अपनी 10 सूत्रीय मांगों को मनवाने के लिए सरकार पर दबाव बनाना शुरू कर दिया है इसी के अंतर्गत आज सभी फार्मेसिस्टो ने कार्यस्थल पर काली पट्टी बांधकर कार्य किया l 
इसके बारे में जानकारी देते हुए कोषाध्यक्ष उमेश चौहान ने बताया कि वर्ष 2011 में प्रारंभ की गई मुख्यमंत्री निशुल्क दवा योजना में विगत 10 वर्षों से कार्यरत फार्मासिस्ट संवर्ग की मांगों पर कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा है, जिसके लिए कई बार मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के साथ चिकित्सा मंत्री को भी  अवगत कराया जा चुका है, उन्होंने बताया कि उनकी प्रमुख मांगों में वेतन विसंगतियों को दूर कर फार्मासिस्ट की एंट्री लेवल ग्रेड पे 4200 करना,  फार्मासिस्ट ग्रेड वन की ग्रेड पे 4800 करना, अधीक्षक फार्मेसिस्ट ग्रेड पे 5400 करना, नर्सिंग संवर्ग के समान वेतन भत्ते, वर्दी भत्ता, धुलाई भत्ता,  ड्यूटी भत्ता प्रदान करना, फार्मासिस्ट एवं फार्मासिस्ट ग्रेड वन का पद नाम परिवर्तन कर फार्मेसी ऑफिसर एवं सीनियर फार्मेसी ऑफिसर करने,  फार्मासिस्ट संवर्ग के उच्च पदों का सीट एलोकेशन कर समय पद पदोन्नति करना,  सभी दवा वितरण केंद्रों पर फार्मासिस्ट के नवीन पद सृजित करना, सीएचसी, पीएचसी, यूपीएचसी के स्टोर हेतु फार्मासिस्ट के अतिरिक्त पद सृजन करना, 2800 पदों पर तत्कालीन फार्मासिस्ट भर्ती को  अतिशीघ्र पूरा करने, सभी दवा वितरण केंद्रों पर रोगी भार के मुताबिक डीडीसी हेल्पर की नियुक्ति करना,  समस्त राजकीय मेडिकल कॉलेज के साथ जिला मुख्यालय पर भी राजकीय फार्मेसी कॉलेज खोलने संबंधी मांगे प्रमुख है l वहीं उन्होंने बताया कि आज उनकी 10 सूत्रीय मांगों पर सरकार का ध्यान आकर्षित करने के लिए अभी फार्मासिस्टो ने कार्यस्थल पर काली पट्टी बांधकर कार्य किया है वहीं उन्होंने बताया कि आगामी 6 फरवरी को जयपुर में शहीद स्मारक से विधानसभा तक एक विशाल रैली निकाली जाएगी, जिसमें प्रदेशभर से फार्मासिस्ट एकत्रित होंगे l
इस अवसर पर जिला राजकीय चिकित्सालय से जिला अध्यक्ष परमेंद्र सिंह राठौड़, वरिष्ठ उपाध्यक्ष धन्ना लाल सालवी, महामंत्री देवेश बंसल,कोषाध्यक्ष उमेश चौहान, नीलू शक्तावत, सोमिका,नेहा व्यास, सोनिया वर्मा, सहित कई फार्मासिस्ट मौजूद रहे