जयपुर ब्यूरो रिपोर्ट।
एसडीआरएफ राजस्थान सेनानायक पंकज चौधरी IPS द्वारा 73वें गणतंत्र दिवस के अवसर पर एसडीआरएफ बटालियन मुख्यालय जयपुर में प्रातः 8 बजे ध्वजारोहण किया। इसके बाद ध्वजारोहण कर अपना उद्बोधन दिया एवं गणतंत्र दिवस की शुभकामनाएं दी। एक प्लाटून कमांडर एवं तीन हैड कानि. को सेवा चिन्ह प्रदान किए गए।राजस्थान के विकास की गुलामी से स्वतंत्रता की 75 वर्षों की यात्रा के प्रत्यक्षदर्शियों में वयोवृद्ध हरिप्रसाद कुलश्रेष्ठ की पुस्तक "यादों का तरकश" का विमोचन गणतंत्र दिवस के शुभ अवसर पर राज्य आपदा प्रतिसाद बल के बटालियन मुख्यालय पर सेनानायक पंकज चौधरी IPS के निर्देशन में हुआ।
 पुस्तक के लेखक स्वपनिल कुलश्रेष्ठ स्वाभाविक ने बताया कि हरिप्रसाद कुलश्रेष्ठ के द्वारा राजस्थान के मरु प्रदेश के कलंक को दूर करने के लिए राजस्थान चंबल नदी घाटी परियोजना, माही बजाज सागर परियोजना जैसी ऐतिहासिक विकास कार्य मे अभूतपूर्व योगदान रहा है। हरिप्रसाद कुलश्रेष्ठ राजस्थान के विकास के ऐसे सेनानी रहे है जिन्होंने देश के अभावों के वक़्त तत्कालीन केंद्र और प्रदेश की सरकारों के लाइजन व प्रकोरमेंट अधिकारी के रूप में 40 वर्षों तक अनवरत सेवाएं दी और बाँसवाड़ा ज़िले के जिला अल्प बचत अधिकारी, राजस्थान लेखा सेवा के पद से सेवानिवृत्त हुए। इस प्रकार राजस्थान प्रदेश के विकास पुरुषों में इनका स्थान रहा है। इसके पश्चात राजस्थान पुलिस क्रिकेट टीम एवं एसडीआरएफ क्रिकेट टीम के बीच 10 ओवर के मैच का आयोजन करवाया गया।एसडीआरएफ ने पहले खेलते हुए 10 ओवर में 79 रन का स्कोर बनाया। जवाब में राजस्थान पुलिस क्रिकेट टीम 10 ओवर में 47 रन ही बना पाई। मैच के दौरान घोषित मैन ऑफ द मैच रहे एवं दोनों टीमों के कप्तानों को सेनानायक ने मेडल पहनाकर पुरस्कृत किया। खेल समाप्ति के पश्चात सेनानायक ने खेल में भाग लेने वाले खिलाड़ियों एवं उपस्थित अधिकारियों कर्मचारियों का खेलों के प्रति मनोबल बढ़ाते हुए अपना उद्बोधन दिया।इस दौरान स्वप्निल कुलश्रेष्ठ स्वतंत्र लेखक राजस्थान, गणपति महावर डिप्टी कमांडेंट, यशोधन पाल सिंह सहायक कमांडेंट, एसडीआरएफ के अधिकारी, कर्मचारी, जवान, स्टाफ एवं राजस्थान पुलिस टीम के प्रभारी व खिलाड़ी उपस्थित रहे।