करौली ब्यूरो रिपोर्ट।
करौली जिला कलेक्ट्रेट सभागार में बुधवार को जिला स्वास्थ्य समिति की बैठक का आयोजन हुआ। बैठक को संबोधित करते हुए जिला कलेक्टर सिद्धार्थ सिहाग ने कहा कि कोविड वैक्सीनेशन में करौली जिला निचले पायेदान पर है, वैक्सीनेशन में अपेक्षानुरूप प्रगति का अभाव सेक्टर स्तर की मॉनीटरिंग में उदासीनता को दर्शाता है। उन्होंने कहा कि कोविड वैक्सीनेशन मे जिले से कम औसत वाले सेक्टर पर कार्यवाही सुनिश्चित होगी। उन्होंने कहा कि हर हाल में शत-प्रतिशत वैक्सीनेशन होना चाहिए इसके लिए सेक्टर प्रभारियों को मॉनीटरिंग सख्त करनी होगी और कार्य के प्रति संवेदनहीन कार्मिकों को बाहर का रास्ता दिखाना होगा। उन्होंने कहा कि प्रशासन से जो भी सहयोग चाहिए, वह लिया जाये और कोविड वैक्सीनेशन में लक्ष्यानुरूप उपलब्धि हासिल की जाये। उन्होंने संस्थागत प्रसव को बढावा देने के लिए 104 एंबूलेंस की कार्य प्रक्रिया में सुधार के लिए कडी कार्यवाही के निर्देश प्रदान कर कॉल पर एबूलेंस की पहुंच सुनिश्चिता की अपेक्षा जताई । उन्होंने कोताही बरतने वाले  कमजोर प्रगति वाले, ओपीडी पर्चीयां ऑनलाईन नहीं होने, चिरंजीवी क्लेम में कमजोर स्थिति वाले सेक्टर प्रभारियों को नोटिस जारी करने हेतू निर्देशित किया।कलेक्टर ने पीसीपीएनडीटी सैल को लिंगानुपात में समानता के लिए सचेत रहने और कार्य प्रणाली में सुधार की हिदायत दी। उन्होंने कहा कि सभी चिकित्सक कार्य के प्रति जबावदेही तय करें, कार्य को समय पर करवाने का हर संभव प्रयास करें और कार्य के प्रति ईमानदारी बरतें। उन्होंने बैठक दौरान महिला नसबंदी, पीपीआईसीयूडी, अंतरा इंजेक्शन, मुख्यमंत्री निःशुल्क दवा योजना, जांच योजना, पल्स पोलियो, राष्ट्रीय क्षय उन्मूलन कार्यक्रम, मातृ मृत्य की समीक्षा कर आगामी माह में शुद्ध के लिए युद्ध अभियान दौरान मिलावट खोरी रोकने में योगदान देने, एएनसी रजिस्ट्रेशन समयानुरूप कराने, मिसिंग डिलेवरी गैप को कम करने, सम्पूर्ण टीकाकरण को समय पर करने, चिरंजीवी योजना में अधिकाधिक क्लेम बुक कर मरीजों को लाभान्वित करने, जेएसवाई-आरएसवाई पेंडेंसी निपटाने के निर्देश प्रदान किये।
सीएमएचओ डॉ. दिनेशचंद मीना ने पीपीटी के माध्यम से संस्थावार योजनाओं की प्रगति और गैप को बैठक के दौरान रखा और कहा कि हम वैक्सीनेशन में औसतन नीचे नहीं जाने चाहिए, कार्य योजना बनाकर वैक्सीनेशन में सख्ती बरतने की आवश्यकता है, क्षेत्र में 104 की सेवाओं पर हमें ध्यान देना होगा  और सभी सेक्टर प्रभारी आरएसवाई की द्वितीय किस्त भुगतान के लिए एएनएम से बच्चों का जीवित प्रमाण पत्र प्राप्त करना सुनिश्चित करें। इस दौरान डिप्टी सीएमएचओ डॉ. सतीशचंद मीना, पीएमओ डॉ. पूरणमल वर्मा, आरसीएचओ डॉ. जयंतीलाल मीना डीटीओ डॉ.विजयसिंह मीना, डीपीएम आशुतोष पांडेय, डीएएम सुश्रुत शर्मा, डीएनओ रूपसिंह धाकड, पीसीपीएनडीटी समन्वयक नगीना शर्मा, डीएसी विश्वेन्द्र शर्मा, आईईसी समन्वयक लखनसिंह लोधा, डब्लयूएचओ से डॉ. राजेश जैन, यूएनएफपीए से मनीश कुमार, जपाईगो से डॉ. पंकज सहित बीसीएमओ, सीएचसी-पीएचसी प्रभारी , बीपीएम मौजूद रहे।