जयपुर ब्यूरो रिपोर्ट।
मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और जल शक्ति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत पर बड़ा हमला बोला है। गहलोत ने प्रदेश कांग्रेस मुख्यालय में मीडिया से बातचीत में कहा- नॉर्थ ब्लॉक में अमित शाह के ऑफिस में बैठकर राजस्थान की सरकार गिराने का षड्यंत्र रचा गया था। गृहमंत्री शाह फेल हो गए। षड्यंत्र में शामिल एक मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत तो राजस्थान के ही थे। उनकी आवाज तो टेप में आई थी। गजेंद्र सिंह शेखावत अगर आवाज का नमूना दें तो पोल खुल जाएगी। गहलोत ने शेखावत पर निवेशकों का पैसा हड़पने वाली क्रेडिट को-ऑपरेटिव सोसाइटी के साथ संबंध होने का आरोप लगाया। सीएम गहलोत ने कहा कि आदर्श सोसाइटी, नवजीवन सोसाइटी की तरह तीसरी संजीवनी सोसाइटी के चार लोग जेल में बैठे हैं। अगर इनमें ईमानदारी है तो बताएं कि जनता से लूटे हुए पैसे वापस देने की क्या तरकीब है। ऐसे लोग केंद्र में मंत्री बनकर बैठे हैं। अमित शाह के 2023 तक सरकार नहीं गिराने के सवाल पर गहलोत ने कहा- उनके हाथ में है क्या सरकार गिराना। उन्होंने प्रयास करके देख लिया। वे फेल हो गए। उस समय राजस्थान से बीजेपी विधायकों को पोरबंदर ले जाने के लिए दो-दो प्लेन भेजे गए थे। एक प्लेन मुश्किल से गया, दूसरा खाली गया। इससे ज्यादा शर्मनाक बात क्या होगी? बीजेपी के एमएलए पर शक करने लग गए कि कांग्रेस के टूटे न टूटे हमारे खुद के विधायक नहीं टूट जाएं। चाहे इनकी पार्टी के ​एमएलए ही क्यों न हो। यह हमारी बहुत बड़ी जीत थी। गहलोत ने आगे कहा- सरकार गिराने का षड्यंत्र धर्मेंद्र प्रधान के घर में रचा गया था। उनके साथी संघी थे, जिन्होंने सारी व्यवस्थाएं की थीं। उनकी पोल खुल गई है। सरकार का बचना राजस्थानवासियों के लिए तो राहत की बात है। पूरे देश में चर्चा होती है कि राजस्थान की क्राइसिस को फेल किया। राजस्थान ने जो इतिहास बनाया है, वह लोकतंत्र को बचाने के काम आएगा। ये लोग लोकतंत्र की हत्या कर रहे थे। राजस्थान की जनता और विधायकों ने एनडीए सरकार का षड्यंत्र फेल कर दिया। षड्यंत्र में शामिल एक मंत्री तो राजस्थान के ही थे। उन्होंने ओएसडी लोकेश शर्मा पर दिल्ली में मुकदमा कर दिया।