जयपुर ब्यूरो रिपोर्ट।

पंजाब प्रदेश कि सरकार ने पेट्रोल-डीजल पर वैट की दरों में कमी की है। जिसके बाद राजस्थान सरकार में राजस्व मंत्री और पंजाब कांग्रेस के प्रभारी हरीश चौधरी से भाजपा ने सवाल पूछा है कि जब पंजाब वैट की दरों में कमी कर सकता है तो राजस्थान में कमी को नहीं की जा रही। प्रतिपक्ष के उपनेता राजेंद्र राठौड़ ने ट्वीट कर राजस्व मंत्री हरीश चौधरी से यह सवाल किया है। राजेंद्र राठौड़ ने लिखा कि मंत्रिमंडल संविधान के अनुसार संयुक्त उत्तरदायित्व से चलता है क्योंकि हरीश चौधरी प्रदेश में राजस्व मंत्री के तौर पर मंत्रिमंडल के सदस्य हैं और पंजाब कांग्रेस के प्रभारी भी है। जब पंजाब सरकार ने डीजल पर 9.92% और पेट्रोल पर 13.77% वैट घटा दिया तो राजस्थान में वैट में कमी क्यों नहीं कर रहे। दरअसल पिछले दिनों केंद्र की मोदी सरकार ने पेट्रोल पर 5 रुपये और डीजल पर 10 रुपये एक्साइज ड्यूटी में कमी की थी। जिसके बाद 22 राज्यों में प्रदेश सरकारों ने पेट्रोल-डीजल पर लगने वाले वैट की दरों में कुछ कमी की लेकिन राजस्थान सरकार ने अब तक पेट्रोल और डीजल पर लगाए जा रहे वैट की दरों में कोई कमी नहीं की। भाजपा से लगातार मुद्दा बना रही है और इसी के तहत जब कांग्रेस शासित पंजाब में सरकार ने पेट्रोल डीजल पर से वैट की दरें कम की तो प्रदेश भाजपा नेताओं ने उसी को आधार बनाकर गहलोत सरकार पर राजनीतिक दबाव बनाया है।