जयपुर ब्यूरो रिपोर्ट।

राजस्थान में बेरोजगारी को मुद्दा बनाकर सत्तापक्ष को घेरने की कोशिशों में जुटी बीजेपी पर मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने पलटवार किया है। सीएम गहलोत ने ढाई साल में लगभग एक लाख बेरोजगारों को नौकरी देने का दावा करने के साथ 26 हजार से ज्यादा कोर्ट में फंसी भर्तियों को सुलझाने की बात कही। मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने ट्वीट करते हुए कहा कि युवाओं के बेहतर भविष्य और सरकारी नौकरी का अवसर देने के लिए ग्राम विकास अधिकारी के 3,896 पदों पर भर्ती को मंजूरी दी है। ग्राम विकास अधिकारी के रिक्त पदों पर शीघ्र भर्ती के दृष्टिगत इस परीक्षा को समान पात्रता परीक्षा (CET) के दायरे से बाहर रखा गया है।सीएम गहलोत ने कहा कि प्रदेश सरकार ने ढाई साल में लगभग एक लाख सरकारी नौकरियां दी हैं। करीब 26 हजार नियुक्तियां, कोर्ट में अच्छी पैरवी कर युवाओं के हित में फैसले करवा कर दी हैं। प्रदेश सरकार भर्ती परीक्षाओं को शीघ्र आयोजित करने हेतु प्रतिबद्ध है। मेरी ओर से समस्त अभ्यर्थियों को शुभकामनाएं।बता दें कि हाल ही में हुए पंचायत समिति और जिला परिषद चुनाव के नतीजों के बाद विपक्ष ने सत्ता पक्ष पर आरोप लगाया कि ढाई साल में कांग्रेस के शासन काल में युवाओं से जो वादे किये गये थे, सरकार उन वादों को पूरा नहीं कर सकी। जिसकी वजह से सरकार को पंचायत राज के चुनाव में युवाओं का समर्थन नहीं मिला। बेरोजगारी के मुद्दे को लेकर विपक्ष विधानसभा सत्र में भी सत्तापक्ष को घेरने की रणनीति बना रही है। विपक्ष की इस रणनीति के बीच मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने आंकड़े पेश कर पलटवार किया है।