करौली जिले मे कोविड-19 से बचाने और अनुकूल व्यवहार के लिए जनमानस को प्रेरित करने के लिए एएनएम-आशाओं को शुक्रवार को प्रशिक्षण स्थानीय स्तर पर प्रदान किया गया जिसमें प्रशिक्षणार्थियों को कोरोना और आंशकित तीसरी लहर के प्रति समुदाय स्तर पर तैयारियां को विस्तार से समझाया गया।
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डाॅ. दिनेशचंद मीना ने बताया कि निदेशालय से हाल में आयोजित वीसी के माध्यम से कोरोना से जंग में समुदाय स्तर तक तैयारियों के निर्देश मिले है और जिलेभर की एएनएम-आशाओं की जन समुदाय तक जागरूकता के लिए प्रशिक्षित किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि कोरोना से जंग में आमजन की भूमिका महत्वपूर्ण है,
आमजन की जागरूकता और बचाव गतिविधियां ही कोरोना को परास्त करने में सहयोगी होंगी। आशंकित तीसरी लहर से बचाव हेतू समुदाय को तैयार करना, जुडाव रखना, सूचना और जागरूकता परक शिक्षा के साथ अनुकूल व्यवहार अपनाने के लिए प्रेरित करना है।
उन्होंने बताया कि संचार नीति पुष्टिकरण के साथ जन चेतना का सुदृढीकरण और समुदाय स्तर पर अपनायी जाने वाली गतिविधियां मास्क का उपयोग, हाथो की धुलाई, दो गज दूरी, भीड में जाने से परहेज और मास्क के उपयोग की बाद की प्रक्रिया अपनाने के लिए समुदाय को प्रेरित करने हेतू चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग की ओर से एएनएम, आशा और हैल्थ वर्कर भूमिका अहम रहेगी और अन्य विभागों द्वारा भी जागरूकता सहभागी होंगे। उन्होंने बताया कि यूपीएचसी गणेशगेट पर आयोजित प्रषिक्षण में डीएसी विश्वेन्द्र शर्मा, पीएचएम स्नेहलता और तेनसिंह प्रशिक्षक रहें।
करौली से अवनीश पाराशर की रिपोर्ट,


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