हनुमानगढ़ विश्वाश कुमार की रिपोर्ट। 

मामला पीलीबंगा थाना क्षेत्र का है।जहां एक व्यक्ति ने पुलिस थाने में परिवाद देते हुए बताया की कुलदीप कौर नाम की महिला से उसकी पुरानी जानकारी थी,कुलदीप कौर ने उसे एक दिन रात 9.00 बजे फोन कर दुलमाना गांव में स्थित राधास्वामी डेरे के पास बुलाया व एक अन्य लड़की से जान पहचान कराने की बात कही। जब कुलदीप राधास्वामी डेरा दुलमाना के पास गया तो वहां कुलदीप कौर व अन्य एक लड़की खड़ी थी। तभी एक कार में 4-5 युवक आये व जबरदस्ती गाड़ी में डालकर श्रीगंगानगर में किसी जगह ले गये व एक मकान में बंद कर मारपीट की एवं बलात्कार का मुकदमा दर्ज करवाने की धमकी देकर 3,50,000 रुपये की फिरौती की माग की एवं जेब मे पड़े 3000 रूपये छीन लिए।

पीड़ित के परिवाद पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच शुरू की व  अभियोग की गम्भीरता को मद्दे नज़र रखते हुए उच्चाधिकारियों एसपी प्रीति जैन व अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक राजेन्द्र सर्किल नोहर व रणवीर सिंह मीणा वृताधिकारी रावतसर के सुपरविजन तथा थानाधिकारी इन्द्र कुमार के निर्देशन में टीम द्वारा तत्परता सूझबूझ, गोपनीय सूत्रों एवं तकनीकी साक्ष्यों की सहायता से जाल बिछाया व गैंग में शामिल 3 महिलाओं सहित 9 जनों को गिरफ्तार किया।

पीलीबंगा थानाप्रभारी इंद्र कुमार ने बताया कि उच्चाधिकारियों के निर्देशन में एक टीम गठित की गई जिसके बाद गहनता से इस गैंग की गतिविधियों पर नजर रखते हुए सबूत एकत्रित किये गए व इन्हें गिरफ्तार किया गया व प्राम्भिक पूछताछ में पता चला है कि  गैंग में हनुमानगढ व श्रीगंगानगर जिले सदस्य शामिल है तथा गैंग की सरगना एक महिला कुलदीप कौर है,जो अपनी जानकारी का फायदा उठाकर लोगों की जवान उम्र की लड़कियों से मुलाकात करवाने के बहाने बुलाती थी फिर पीड़ित को बलात्कार व छेड़छाड़ के मुकदमे दर्ज करवाने की धमकी देकर पैसे वसूलते थे। अब जांच की जा रही है कि इस गैंग और कितने लोगों को अपना निशाना बनाया है। गैंग को पकड़वाने में कांस्टेबल रमेश कुमार व चन्द्र विजय की विशेष भूमिका रही है व पुलिस टीम उपनिरीक्षक रामप्रकाश,एएसआई इन्द्रा,कांस्टेबल रमेश कुमार,चन्द्र विजय, प्रदीप सुमेद खां आदि शामिल रहे।