जयपुर. ताजा बवाल

राजस्थान में इस समय फोन टैपिंग करने को लेकर बवाल मचा हुआ है। दरअसल अशोक गहलोत सरकार के गृह विभाग ने बीजेपी विधायक के सवाल के जवाब में माना है कि सक्षम स्तर की अनुमति से पिछले साल फोन टैपिंग हुई थी। इस जवाब के बाद से गहलोत सरकार पर बीजेपी हमलावर हो गई है। इस मामले का एक पहलू ऐसा भी है जिस पर ना तो कांग्रेस बोल रही है और ना बीजेपी को कुछ याद है।

इतिहास गवाह है।

हर मुद्दे पर कांग्रेस को कोसते रहने वाले बीजेपी नेता भूल गए हैं पीएम नरेंद्र मोदी के गृह प्रदेश गुजरात में सरकार और पुलिस ने  2013 में मात्र छह महीने में 93,000 लोगो की फोन टैपिंग की थी। तब गुजरात की कमान बतौर मुख्यमंत्री नरेंद्र मोदी के हाथ में थी। 

न्यायिक भूमिका

इस संबंध में एडवोकेट गिरीश दास ने गुजरात हाईकोर्ट में जनहित याचिका दायर कर मामले की सीबीआई जांच करवाने की गुहार की थी। लेकिन,तत्कालीन मुख्य न्यायाधीश वी एम सहाय और न्यायाधीश आर पी ढोलारिया ने सीबीआई जांच करवाने से इंकार करते हुए याचिका खारिज कर दी थी। कोर्ट ने गुजरात पुलिस के खिलाफ लगाए गए आरोप को मानने से इंकार कर दिया था। 

एक नज़ीर ये भी।

1988 में राजीव गांधी की सरकार बोफोर्स मामले में आरोप का सामना कर रही थी। कर्नाटक में रामकृष्ण हेगड़े मुख्यमंत्री थे और जनता पार्टी दिवंगत राजीव गांधी के खिलाफ बोफोर्स मामले में मोर्चा खोले हुए थी। तभी कर्नाटक में हेगड़े सरकार के करीब 50 नेताओ और अफसरों के फोन टैपिंग करवाने का खुलासा हुआ। कांग्रेस ने इस मामले को लपकते लिया और नतीजतन हेगड़े का इस्तीफा हुआ। 

नीरा राडिया टेप कांड।

यूपीए दो सरकार के गठन के बाद   कॉरपोरेट घरानों के लिए लॉबिंग करने वाली नीरा राडिया के टेलीफोन बातचीत का खुलासा हुआ था। इस खुलासे से पता चला था कि राडिया बड़े बड़े कॉरपोरेट के लिए मीडिया और सरकार में लॉबिंग कर रही थी। यहां तक कि वो सांसदो को मंत्री बनने पर विभाग दिलवाने में भी भूमिका निभा रही थी। मीडिया के बड़े बड़े नाम राडिया के कहने पर कॉरपोरेट के पक्ष में खबरे कर रहे थे। 

फोन टैपिंग कथा अनंता

छत्तीसगढ़ में रमन सिंह की सरकार के दौरान 2014 में एक सनसनीखेज टेलीफोन बातचीत का ऑडियो वायरल हुआ था। इसमें अंतागढ़ विधानसभा सीट से कांग्रेस उम्मीदवार के ऐन मौके पर नाम वापिस लेने के लिए सात करोड़ रूपये देने की बातचीत बताई गई थी। यह बातचीत दिवंगत अजीत जोगी,उनके बेटे और रमन सिंह के दामाद के बीच बताई गई थी। इस मामले में कांग्रेस की शिकायत पर मुकदमा दर्ज हुआ था और मामला अभी कोर्ट में चल रहा है।

जयपुर से मुकेश शर्मा की खबर