जयपुर ब्यूरो रिपोर्ट।
प्रदेश में स्टार्टअप कल्चर को बढ़ावा देने के लिए जेईसीआरसी यूनिवर्सिटी में गूगल एपस्केल रोडशो 2023 के दूसरे संस्करण का आयोजन हुआ जहां गूगल के एक्सपर्ट्स कार्यक्रम में शामिल हुए और विद्यार्थियों को नए ट्रेंड्स और टेक्नोलॉजी के बारे में बताया | भारत में मिनिस्ट्री ऑफ इलेक्ट्रॉनिक्स एंड इनफार्मेशन टेक्नोलॉजी (मिटी) के सहयोग से इस कार्यक्रम का आयोजन किया गया हैं|
इस रोडशो का आयोजन देशभर के विभिन्न शहरों में किया जा रहा हैं और ये गर्व की बात हैं की राजस्थान में इस रोडशो के लिए जेईसीआरसी को चुना गया |
कार्यक्रम में जेईसीआरसी इनक्यूबेशन सेंटर के 130 से अधिक स्टार्टअप ने हिस्सा लिया, साथ ही प्रदेश भर से 50 से अधिक स्टार्टअप ने कार्यक्रम में भाग लिया |
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि आदित्य लाल,गूगल डेवलपर फॉर एंड्राइड रहें जिन्होंने "एंड्रॉयड बिल्डिंग फॉर एवरीवन" पर बात की साथ ही आशुतोष शर्मा,प्ले पार्टनरशिप गूगल ने बेस्ट प्रैक्टिस ऑन गूगल प्ले एंड एपस्केल अकादमी पर चर्चा की इनके साथ वर्चुअल मोड पर मौजूद रही निकिता लालवानी,फाउंडर न सीईओ, क्रूज ऐप उन्होंने रिटेन यूजर्स पर अपने विचार रखें।
चितरंजन सेठी,सीनियर प्रोजेक्ट मैनेजर,मिटी ने बताया की अब तक मिटी ने पूरे देश भर से 51 इन्क्यूबेशन सेंटर से 850 स्टार्टअप्स को 500 करोड़ का फंड देकर सपोर्ट किया हैं साथ ही उन्होंने बताया की जेईसीआरसी इनक्यूबेशन सेंटर के 3 स्टार्टअप्स को भी मिटी द्वारा ग्रांट प्राप्त हुआ है।
उन्होंने बताया की इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय (MeitY) स्टार्टअप हब इनोवेशन-कनेक्ट- कोलैबोरेट के आइडिया पर कार्य करता है।
यह कार्यक्रम 100 स्टार्टअप्स के एक समूह का चयन करेगा और उन्हें अपने एप्स के माध्यम से स्केल हासिल करने में मदद करेगा। जितने भी एप्स बेस्ड स्टार्टअप्स है उन्हे मार्गदर्शन मिलेगा साथ ही स्टार्टअप को बढ़ाने के विषय में जरूरी बिंदुओं पर चर्चा होगी।
सीईओ,जेईसीआरसी इनक्यूबेशन सेंटर,धीमांत अग्रवाल ने मिटी और गूगल का शुक्रिया किया और बताया की इस तरह के कार्यक्रम उभरते हुए उधमियों को नए स्किल्स डेवलप करने में मदद करता है और नए रोज़गार के अवसर प्रदान करता हैं | उन्होंने बताया की जेईसीआरसी इन्क्यूबेशन सेंटर हर साल 25 डिजर्विंग स्टार्टअप्स को इनक्यूबेट करता है और फंडिंग देता है जिस से की प्रदेश में स्टार्टअप के कल्चर को बढ़ावा मिल सकें।
इनक्यूबेशन हेड,जेईसीआरसी इनक्यूबेशन सेंटर,कोमल जोशी ने बताया की इस इनिशिएटिव से यंग और ग्रोइंग एप बेस्ड स्टार्टअप को आगे बढ़ाने में बहुत मदद मिलेगी।

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