जयपुर ब्यूरो रिपोर्ट।
द्वितीय श्रेणी शिक्षक भर्ती पेपर लीक प्रकरण में मंगलवार रात जयपुर पुलिस ने करणी विहार और मानसरोवर थाना इलाके में संयुक्त कार्रवाई को अंजाम देते हुए पेपर लीक करने वाले गिरोह के सरगना भूपेंद्र सारण की पत्नी और प्रेमिका सहित 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने सरगना भूपेंद्र सारण के घर और उसकी प्रेमिका के घर से बड़ी तादात में देश के विभिन्न विश्वविद्यालयों की 4 दर्जन से अधिक फर्जी डिग्रियां व मार्कशीट बरामद की हैं। जयपुर पुलिस कमिश्नर आनंद श्रीवास्तव ने बताया कि उदयपुर पुलिस और मुखबिर से मिले इनपुट पर इस पूरी कार्रवाई को अंजाम दिया गया है। गिरफ्तार किए गए आरोपियों से इस प्रकरण में लिप्त अन्य लोगों के बारे में जानकारी जुटाई जा रही है। प्रारंभिक पूछताछ में यह बात सामने आई है कि अनपढ़ और कम पढ़े लिखे लोगों से मोटी राशि वसूल कर उन्हें यह फर्जी डिग्रियां और मार्कशीट बेची जाती हैं। जयपुर पुलिस कमिश्नर आनंद श्रीवास्तव ने बताया कि पेपर लीक प्रकरण के सरगना भूपेंद्र सारण के करणी विहार स्थित मकान में छापेमारी के दौरान बड़ी तादाद में फर्जी डिग्रियां और मार्कशीट बरामद हुई हैं। छापेमारी के दौरान राजस्थान यूनिवर्सिटी, ओपीजेएस यूनिवर्सिटी चुरु, सरदार पटेल विश्वविद्यालय बालाघाट मध्य प्रदेश और जेएस यूनिवर्सिटी फिरोजाबाद उत्तर प्रदेश की 22 से अधिक फर्जी डिग्रियां और मार्कशीट बरामद हुई। घर पर मौजूद भूपेंद्र सारण की पत्नी एलची सारण, भूपेंद्र के भाई गोपाल की पत्नी इंदुबाला सारण, मोटाराम, दिनेश कुमार खींचड़ और रमेश कुमार खींचड़ से संयुक्त पूछताछ की गई। पूछताछ में सभी ने यह फर्जी डिग्रियां व मार्कशीट भूपेंद्र सारण के साथ मिलकर तैयार करना कबूल किया। साथ ही भूपेंद्र द्वारा कहने पर उसके द्वारा बताए गए व्यक्तियों को बेचना कबूल किया।जिस पर पुलिस ने दोनों महिलाओं और तीनों व्यक्तियों को गिरफ्तार कर लिया।

प्रेमिका के घर से बरामद हुए यह जाली दस्तावेज।

जयपुर पुलिस को यह सूचना भी मिली कि मानसरोवर इलाके में सरगना भूपेंद्र सारण की प्रेमिका प्रियंका बिश्नोई निवास करती है। जिसके द्वारा भी भूपेंद्र के साथ मिलकर फर्जी डिग्रियां और अंकतालिका बेचने का काम किया जाता है। जिस पर पुलिस ने गीतांजलि कॉलोनी में दबिश देकर प्रियंका विश्नोई के मकान से इंस्टिट्यूट ऑफ एजुकेशन एंड वोकेशनल ट्रेनिंग बड़गांव जम्मू कश्मीर, हिमालयन यूनिवर्सिटी इटानगर अरुणाचल प्रदेश, नेशनल इंस्टिट्यूट ऑफ फायर एंड सेफ्टी इंजीनियरिंग नागपुर और ओपीजेएस यूनिवर्सिटी चुरु की 22 से अधिक फर्जी डिग्रियां व मार्कशीट बरामद की गई। प्रारंभिक पूछताछ में प्रियंका बिश्नोई ने यह फर्जी दस्तावेज भूपेंद्र सारण और उसके भाई गोपाल सारण के द्वारा तैयार कर छुपाने व उनके द्वारा बताए गए लोगों से रुपए लेकर बेचने की बात कबूल की है। जिस पर पुलिस ने कार्रवाई करते हुए प्रियंका बिश्नोई को गिरफ्तार कर लिया। फिलहाल पुलिस गिरफ्तार किए गए सभी आरोपियों से पूछताछ में जुटी है और प्रकरण में शामिल अन्य लोगों को चिन्हित करने का काम कर रही है।