नागौर से शबिक उस्मानी।
रीट परीक्षा के दौरान नागौर जिला पुलिस ने परीक्षा में पेपर लीक करने की आशंका के मद्देनजर जिलेभर में कई गिरफ्तारियां की थी। जिससे परीक्षा मे गड़बड़ी फैलने की सम्भावनाओ पर विराम लगा था। इसी सिलसिले में पटवारी परीक्षा के दौरान भी नागौर एसपी अभिजीत सिंह के निर्देशों के बाद जिला पुलिस सतर्क और सजग रही । इसका नतीजा भी नागौर पुलिस को मिला है । पटवारी भर्ती परीक्षा के दौरान मुखबिर की सुचना पर पुलिस ने जोधपुर-नागौर NH62 पर एक युवक को पकड़ा है । जांच के बाद उसके द्वारा पटवारी भर्ती परीक्षा में अपने भाई की जगह पर डमी केंडिडेट को बैठाये जाने के सौदे का खुलासा हुआ है । इसके बाद पुलिस ने युवक को गिरफ्तार कर लिया है। फिलहाल युवक से पूछताछ चल रही है। वहीं दलाल और आरोपी के भाई की धरपकड़ के प्रयास भी शुरू कर दिए गए है। सदर थाने मे गिरफ्तार युवक राजेन्द्र बिश्नोई है। इसके पास मिले मोबाइल की रिकॉर्डिंग में इसके द्वारा अपने भाई की जगह डमी केंडिडेट बैठाने को लेकर जालोर जिले के पुर निवासी एक युवक से 15.50 लाख रूपये में डील फाइनल होने और उसे एडवांस में दो लाख रूपये देने को लेकर बातचीत थी। नागौर पुलिस के पास इसको लेकर इनपुट भी था। वृत्ताधिकारी विनोद सीपा ने बताया कि इनपुट मिलने के बाद जोधपुर-नागौर NH62 पर चिमरानी सरहद में सड़क पर राजेंद्र पुत्र बाबूलाल विश्नोई को पकड़ा गया। उसके मोबाइल की तलाशी ली गई तो उसमे मिली रिकॉर्डिंग में साफ़ हुआ कि उसने जालौर जिले के पुर निवासी रमेश विश्नोई ने उदयपुर जिले में पटवारी भर्ती परीक्षा दे रहे अपने भाई सुंदरलाल विश्नोई की जगह डमी केंडिडेट बैठाने को लेकर 15.50 लाख रूपये में डील फाइनल कर रखी थी। और बतौर एडवांस 2 लाख रूपये भी दे दिए थे। फिलहाल पुलिस ने राजेंद्र विश्नोई को गिरफ्तार कर उसका मोबाइल जब्त कर लिया है। वहीं दलाल रमेश विश्नोई और उसके सुंदरलाल विश्नोई की धरपकड़ के प्रयास शुरू कर दिए है।

0 टिप्पणियाँ